अनावरण न्यूज़

एक नयी सुबह का

किसान उत्पादक समूह की महिलाएं कृषि-पशुपालन के क्षेत्र में छू रही नई बुलंदियां


महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में स्वयं सहायता समूह और किसान उत्पादक समूह काफी कारगर सिद्ध हो रहा है
रांची:- महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में स्वयं सहायता समूह और किसान उत्पादक समूह काफी कारगर सिद्ध हो रहा है। इस दिशा में रांची समेत राज्य जेएसएलपीएस के माध्यम से महिलाओं को पहले समूह से जोड़ा जा रहा है और उन्हें रोजगारोन्मुख बनाने में मदद की जा रही है।
किसान उत्पादक समूह के माध्यम से महिलाएं कृषि और पशुपालन के क्षेत्र में नई बुलंदियों को छू रही हैं। रांची की रहने वाली उषा देवी जब से पिपरा बंडा आजीविका महिला उत्पादक संघ से जुड़ कर मुर्गी पालन कर रही हैं तब से इनके अरमानों को पंख मिल गई है।
उत्पादक समूह से जुड़ी महिलाओं को इस बात का गर्व है कि घर परिवार चलाने में वे अब अपने पति की आर्थिक रूप से मदद करने लगी हैं। सीमा देबी बताती है कि बच्चों की पढ़ाई लिखाई की बात हो या फिर घर कि अन्य आवश्यकताओं को पूरा करना हो अब वह दूसरों के सामने हाथ नहीं फैलाती हैं।
बदलाव की इस बयार के पीछे महिलाओं की कड़ी मेहनत और जेएसएलपीएस का काफी योगदान है। एक साथ मुर्गी और बत्तख पालन कर रही बबीता देवी बताती है कि जेएसएलपीएस ने गांव की महिलाओं को प्रशिक्षण के साथ आर्थिक रूप से भी मदद की है।
कृषि, पशुपालन और खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में समूह काफी कारगर सिद्ध हो रहा है। महिलाओं के आगे बढ़ने से घर की माली हालत में तो सुधार हो ही रही है क्रय शक्ति में भी वृद्धि हो रही है।

%d bloggers like this: