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बिहार में कृषि के सम्यक विकास के लिए साझा प्रयास करेगा नाबार्ड और कृषि विभाग

पटना:- बिहार में कृषि के सम्यक विकास के लिए राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) और कृषि विभाग साझा प्रयास करेगा।
नाबार्ड की ओर से बिहार के कृषि ,उद्यान और पशुपालन विभाग के अधिकारियों के साथ बुधवार को बैठक आयोजित की गयी, जिसके माध्यम से राज्य में कृषि एवं इस पर आधारित गतिविधियों के सम्यक विकास के लिए नाबार्ड की विभिन्न योजनाओं के संबंध में विस्तार से चर्चा की गयी। बैठक को सम्बोधित करते हुए नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक डॉ सुनील कुमार ने बताया कि बिहार देश में सबसे तेज़ी से विकास की राह पर अग्रसर अर्थव्यवस्था के रूप में चिह्नित है, लेकिन यह विकास सतत रहे उसके लिए यह नितान्त आवश्यक है कि आधारभूत संरचनाओं के विकास के माध्यम से आजीविका का निर्माण हो, जिससे राज्य का मानव विकास सूचकांक भी बेहतर हो।
श्री कुमार ने इस बात पर हर्ष ज़ाहिर किया कि विगत कुछ वर्षों में राज्य द्वारा ग्रामीण आधारभूत संरचना कोष (आरआईडीएफ) के तहत आधारभूत संरचनाओं के विकास के लिए अधिकतम राशि का उपयोग किया गया है। आवश्यकता यह है कि अन्य योजनाओं का भी प्रभावी उपयोग करते हुए राज्य में माइक्रो इरिगेशन, बेहतर ग्रामीण मार्केट व्यवस्था, पशुपालन एवं मछली पालन से सम्बंधित आधारभूत संरचनाओं के विकास के माध्यम से कृषि और इस पर आधारित उद्योग को लाभदायक बनाया जाए। बिहार के कृषि विभाग के सचिव डॉ.एन सरवन कुमार ने नाबार्ड का धन्यवाद देते हुए कहा कि जब पूरा विश्व कोविड महामारी से जूझ रहा है और देश एवं राज्य की जीडीपी में कमी दर्ज की गयी है, वही कृषि ने अर्थव्यवस्था में सकारात्मक योगदान किया है। उन्होंने कहा कि नाबार्ड की ओर से साझा की गयी योजनाएँ विशेषकर कृषि एवं इस पर आधारित व्यवसायों को और बेहतर बनाने की दिशा में निश्चित ही कारगर होगा। श्री कुमार ने कहा कि कृषि विभाग इन योजनाओं के नियम एवं शर्तों के अधीन आधारभूत संरचनाओं के विकास के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन तैयार कर नाबार्ड को प्रेषित करेगा ताकि ससमय राशि की उपलब्धता से इन योजनाओं को राज्य में लागू किया जा सके और कृषि एवं इस पर आधारित उद्योगों को बढ़ावा दिया जा सके । उन्होंने कहा कि हमारे कृषि रोड मैप की संकल्पना, देश के हर एक थाली में हमारा व्यंजन हो, को नाबार्ड की योजनाओं के जरिए साकार करने में मदद मिलेगी ।
बैठक में नाबार्ड की ओर से आधारभूत संरचनाओं के विकास के लिए चलायी जा रही विभिन्न योजनाओं जैसे कि आरआईडीएफ़, माइक्रो इरिगेशन फ़ंड, ऐग्रिकल्चर मार्केटिंग इनफ्रास्ट्रक्चर फ़ंड, फ़िशरीज़ इनफ्रास्ट्रक्चर डिवेलप्मेंट फ़ंड, ग्रामीण आधारभूत संरचना के लिए राज्य सरकार को सहायता और नाबार्ड आधारभूत संरचना विकास सहायता (एनआईडीए) के सम्बंध में विस्तार से चर्चा हुई ।

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