April 17, 2021

अनावरण न्यूज़

एक नयी सुबह का

केंद्र व बिहार सरकार चाहती है कि बिहार में नीली क्रांति सफल हो:उपमुख्यमंत्री

-तारकिशोर प्रसाद ने मतस्यपालकों को अनुदानित दर पर किया वाहन वितरण

कटिहार:- अपने दो दिवसीय पूर्णिया कटिहार दौरे के दूसरे दिन कटिहार समाहरणालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में मछली पालन उद्योग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से “प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना” के तहत 40 प्रतिशत अनुदान के दर पर 16 और “मुख्यमंत्री मत्स्य विभाग योजना” के तहत 90 प्रतिशत अनुदान की दर पर 14 वाहन वितरण किया जा रहा है। केंद्र व बिहार सरकार चाहती है कि प्रदेश में नीली क्रांति सफल हो और इस मछली पालन के द्वारा ग्रामीण क्षेत्र का आर्थिक परिदृश्य को बदला जा सके। तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि बिहार में एक और बड़ा प्रयोग हो रहा है कि नीचे मछली पालन और ऊपर बिजली का उत्पादन। इस क्षेत्र में भी सरकार कार्य कर रही है।गत कुछ वर्ष पहले तक आंध्रप्रदेश से मछलियों का आयात किया जाता रहा है। लेकिन अब मछली पालन को बढ़ावा देकर कोशिश की जा रही है कि बिहार की मछली देश के अन्य राज्यों में निर्यात हो।उन्होंने कहा कि आज से 15-20 वर्ष पहले कोई कल्पना भी नही कर सकता था कि बिहार की सरकार मछली पालन और विपणन को इतनी गंभीरता से लेगी। लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार की सरकार समाज के हर वर्गों के हित के लिए कार्य कर रही है। डिप्टी सीएम ने नौजवानों का आह्वान करते हुए कहा कि बिहार उद्यम और उद्यमिता के विकास से आत्मनिर्भर बनेगा। कौशल एवं उद्यमिता विकास विभाग का अलग से गठन किया गया है एवं नौजवानों को उद्यमी बनाने के लिए पांच 5 लाख अनुदान एवं 5 लाख रुपये एक प्रतिशत की दर पर ऋण उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। महिला उद्यमियों के लिए परियोजना लागत का 50 प्रतिशत अधिकतम पांच लाख रुपये अनुदान और पांच लाख लाख रुपये ब्याज मुक्त ऋण की व्यवस्था की गई है।हमने महिला उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इंटर पास करने वाली अविवाहित महिलाओं को 25 हजार तथा स्नातक पास करने वाली महिलाओं को 50 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान करने की व्यवस्था की है। उन्होंने कहा कि बाल हृदय योजना के अंतर्गत बिहार सरकार ने जन्म से जिन बच्चों के हृदय में छेद होते हैं, उन बच्चों के समस्त इलाज की नि:शुल्क व्यवस्था करने का निर्णय लिया है। कोविड-19 के टीकाकरण का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है।सभी को नि:शुल्क टीकाकरण के लिए चरणबद्ध रूप से हम व्यवस्था कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि धान अधिप्राप्ति को न्यूनतम समर्थन मूल्य पर किसानों से खरीदने की समुचित व्यवस्था की गई है। बैंकों के माध्यम से क्रियान्वित होने वाली योजनाओं पर विशेष रूप से समीक्षा की जा रही है एवं लाभान्वितों को सरकार के प्रावधानों के अनुसार योजना से आच्छादित करने के कड़े निर्देश दिए गए हैं। इससे पहले एक कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि कोविड-19 वैश्विक महामारी से जूझने के बावजूद सरकार ने वित्तीय वर्ष 2021-22 के बजट आकार में कोई कमी नहीं की है। वित्तीय वर्ष 2020-21 का बजट आकार जहां 2,11,761 करोड था, वहीं वित्तीय वर्ष 2021-22 का बजट आकार बढ़ाते हुए 2,18,303 करोड़ रुपए का रखा गया है। लगातार 15 वर्षों से बिहार में विकास के प्रत्येक पैमाने पर बेहतर काम किया है।

Recent Posts

Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com
%d bloggers like this: