अनावरण न्यूज़

एक नयी सुबह का

निबंधित 980 यूनियनों को मनमाने तरीके से रद्द करने के खिलाफ अभियान जारी

श्रममंत्री से मुलाकात कर सौंपा ज्ञापन

रांची:- संयुक्त बिहार मे निबंधित 980 युनियनों को बिहार सरकार के श्रम संसाधन विभाग द्वारा मनमाने तरीके से रद्द किए जाने के खिलाफ झारखंड के श्रमिक संघ पिछले चार वर्षों से संयुक्त अभियान चला रहे हैं. इसी क्रम मे ट्रेड यूनियनों के एक शिष्टमंडल ने राज्य के श्रम मंत्री सत्यानंद भोक्ता से मिलकर उनसे इस मामले मे हस्तक्षेप किए जाने की मांग की है. श्रम मंत्री ने निबंधक श्रमिक संघ, झारखंड सरकार से इस मुद्दे पर आम सहमति बनाने के लिए आगामी 9 जुलाई को एक संयुक्त बैठक बुलाए जाने के लिए कहा है.
इसी पृष्ठभूमि मे सभी केन्द्रीय श्रमिक संघों की एक आनलाइन आभासी (वर्चुअल) बैठक आयोजित की गयी. जिसमे चर्चा के बाद ट्रेड यूनियनों की यह साझी समझ बनी है कि 29 सितंबर 2020 को माननीय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने ट्रेड यूनियनों के संयुक्त शिष्टमंडल को स्पष्ट आश्वासन दिया था कि बिहार सरकार द्वारा झारखंड के 980 युनियनों का निबंधन रद्द किए जाने की असंवैधानिक कार्रवाई पर वे शीघ्र संज्ञान लेकर इन युनियनों का निबंधन रिस्टोर करेंगे. मुख्यमंत्री ने यह भी कहा था कि चूंकि श्रम का विषय समवर्ती सुची मे आता है इसलिए उन्हें यह अधिकार है कि बिहार सरकार द्वारा असंवैधानिक तरीके से हमारे राज्य के युनियनों का निबंधन रद्द करने की कार्रवाई को पलट कर इन युनियनों का निबंधन रिस्टोर करें. मुख्यमंत्री ने ट्रेड यूनियनों के शिष्टमंडल के सामने ही अपने तत्कालीन प्रधान सचिव राजीव अरुण एक्का को इस मामले के निपटारे के लिए झारखंड के श्रमायुक्त – सह-निबंधक श्रमिक संघ से बात करने और आवश्यक संचिका तैयार कर उनके समक्ष रखने के लिए भी कहा था. लेकिन कोविड-19 का प्रकोप और सरकार की इससे निपटने की व्यस्तता के चलते इस पर कार्यवाही आगे नही बढ सकी. इसलिए ट्रेड यूनियनों का एक संयुक्त शिष्टमंडल शीघ्र ही माननीय मुख्यमंत्री से भी मुलाकात कर उनसे इस मामले मे अपने पूर्व मे दिए गए आश्वासन के आलोक मे हस्तक्षेप किए जाने का आग्रह करेगा. इसी की तैयारी के लिए आगामी 2 जुलाई को ट्रेड यूनियनों की एक संयुक्त फिजिकल बैठक रांची मे होगी.
आनलाइन बैठक की अध्यक्षता वरीय ट्रेड यूनियन नेता पी. के. गांगुली ने की. बैठक मे इंटक के प्रदेश अध्यक्ष राकेश्वर पांडे, विनोद राय, परमजीत सिंह, बीएमएस के प्रदेश अध्यक्ष एस. एन. सिंह, प्रदेश महामंत्री बृज बिहारी शर्मा, उप महासचिव रंजय कुमार, कोषाध्यक्ष उदय कुमार, एटक के महासचिव पी. के. गांगुली, उप महासचिव अशोक यादव,एक्टू के अध्यक्ष डी. एस. दिवाकर, महासचिव शुभेंदु सेन, कृष्णा सिंह,. मो. नौशाद, एचएमएस के उप महासचिव रघुनन्दन राघवन, सीटू के राज्याध्यक्ष मिथिलेश सिंह, राष्ट्रीय सचिव डी. डी. रामानंदन,राज्य महासचिव प्रकाश विप्लव, उप महासचिव आर. पी. सिंह, कोषाध्यक्ष अनिर्वान बोस मुख्य रूप से शामिल थे.

%d bloggers like this: