October 27, 2020

अनावरण न्यूज़

एक नयी सुबह का

तैमूर नदी पर पुल नहीं होने से हजारों की आबादी प्रभावित

किशनगंज : – ठकुरगंज प्रखंड के सखुआडाली पंचायत के दर्जीभिट्ठा गांव एवं पथरिया के कुटकुडांगी गांव के बीच में बहनेवाली तैमूर नदी पर पुल का निर्माण नहीं होने से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पर रहा है। पुल के नही होने से बरसात में ग्रामीणों को प्रखंड कार्यालय तक जाने में लगभग 20 किमी अधिक दूरी तय करना पड़ती है।

बताते चलें कि तैमूर नदी के इस पार सखुआडाली है। वहीं उस पार प्रखंड का पथरिया पंचायत है। दोनों पंचायत के बॉर्डर पर नदी है। लेकिन यहां पुल बनाने को लेकर न तो प्रशासन ने अभी तक रुचि दिखाई है और न ही स्थानीय जनप्रतिधिगण ने ही आवाज उठाई जिससे ग्रामीणों में प्रशासन व जनप्रतिनिधियों के प्रति काफी आक्रोश है। यहां अगर पुल का निर्माण हो जाता है तो पथरिया पंचायत के कुटकुडांगी, खुनियाभिट्ठा, जंगलाभिट्ठा, लेबियाभिट्ठा, तुलसियाभिट्ठा, हुलहुली, लाहुगच्छ, खाकरमनी आदि सहित कई गांव की दूरी भी कम हो जाएगी। अभी वर्तमान में उक्त स्थान पर पुल का निर्माण नहीं होने से बरसात में लोग जान जोखिम में डालकर केला के थम का नाव ( भूरा ) बनाकर नदी के धार को पार करते हैं। स्थानीय ग्रामीण नरेश सिंह, कमल सिंह, रूपलाल सिंह, छोटका मुर्मू, माइकल सोरेन आदि बताते हैं कि यह रास्ता प्रखंड के दो पंचायत सखुआडाली व पथरिया पंचायत को जोड़ता है। इस होकर प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आवाजाही करते हैं लेकिन उक्त नदी के धार पर पुल का निर्माण कार्य नहीं होने के कारण लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ती है। भारी बारिश व नदी के धार में उफान आने पर लोग आर पार नहीं हो पाते हैं और मजबूरन करीब 20 किमी की दूरी तय कर बंगाल के विधाननगर होते हुए दोनों तरफ के दर्जनों गांवों के लोगों को आना जाना पड़ता है। इनलोगों ने बताया कि यह मार्ग खासकर स्कूली छात्र-छात्राओं व बीमार लोगों के लिए एक अभिशाप बन गया है। लोगों ने बताया कि प्रखंड के हर पंचायत के गांव प्रखंड मुख्यालय जानेवाली मुख्य सड़कों से जुड़ी हुई है पर उक्त दोनों पंचायत के बीच कई गांव को जोड़नेवाली नदी के इस धार पर पुल के नहीं होने से लोग आजादी के 72 साल बाद भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं

Recent Posts

%d bloggers like this: